
मऊगंज। रक्षाबंधन के त्यौहार से पहले बाजारों में उमड़ी भीड़ ने शहर की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की पोल खोल दी। मेन मार्केट और बरेटा रोड पर सुबह से ही रौनक देखने को मिली, लेकिन दोपहर होते-होते यही भीड़ घंटों लंबे जाम में बदल गई। नो-एंट्री के बावजूद भारी वाहन बेखौफ शहर के भीतर दाखिल होते रहे और यातायात विभाग का कोई जिम्मेदार मौके पर नजर नहीं आया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिले के गठन के बाद से सुरक्षा और ट्रैफिक प्रबंधन में लापरवाही बढ़ गई है। पहले त्यौहार और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस बल की तैनाती होती थी, जिससे व्यवस्था बनी रहती थी, लेकिन अब अफसरों की अनुपस्थिति आम हो गई है। इस अव्यवस्था का खामियाजा जनता को भुगतना पड़ा, जब करीब तीन घंटे तक सैकड़ों वाहन जाम में फंसे रहे और लोग परेशान होते रहे।
दुकानदारों का कहना है कि इस तरह की स्थिति से व्यापार पर भी असर पड़ता है, जबकि राहगीरों और खरीदारों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। शहरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि त्यौहार के दौरान यातायात प्रबंधन को सख्ती से लागू किया जाए और नो-एंट्री का पालन करवाया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने।













