जिला खनिज मद से 12.22 करोड़ की कार्ययोजना को हरी झंडी, अधूरे आंगनवाड़ी भवन और वृक्षारोपण को मिलेगी रफ्तार

रीवा, मध्यप्रदेश। जिला खनिज न्यास मद से जिले में अधूरे पड़े विकास कार्यों को गति देने के लिए 12 करोड़ 22 लाख रुपए की कार्ययोजना को मंजूरी दी गई है। यह निर्णय कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने की। बैठक में जिला खनिज मद से अधूरे आंगनवाड़ी केंद्र भवनों के पूर्ण निर्माण और वृक्षारोपण जैसे बहुउद्देश्यीय कार्यों के लिए धन स्वीकृत किया गया। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने बताया कि कार्ययोजना को जनप्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों और प्रस्तावों के आधार पर तैयार किया गया है। नई शासन गाइडलाइन के तहत उच्च प्राथमिकता वाले कार्यों को 60% और प्राथमिकता वाले कार्यों को 40% अनुपात में शामिल किया गया है। कार्यों की सूची में शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, अधोसंरचना विकास और दिव्यांगजन कल्याण जैसे अहम क्षेत्र शामिल हैं। विशेष बात यह रही कि हर विधानसभा क्षेत्र में 10-10 मोटराइज्ड तिपहिया साइकिल देने का प्रस्ताव भी इस योजना का हिस्सा है। बैठक में सांसद जनार्दन मिश्रा ने कहा कि “जनप्रतिनिधि और प्रशासन का उद्देश्य एक ही है — जनकल्याण।” उन्होंने कहा कि खनिज मद से ऐसे निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है जो सीधे आमजन की जरूरतों से जुड़े हों। विधायक सेमरिया श्री अभय मिश्रा ने स्कूलों और छात्रावास भवनों की मरम्मत पर बल दिया और दिव्यांगों के लिए तिपहिया मोटर साइकिल वितरण का सुझाव दोहराया। बैठक में सिरमौर के लिए एंबुलेंस और जनरेटर सेट की खरीद हेतु धनराशि मंजूर की गई। वहीं 47 अधूरे आंगनवाड़ी केंद्रों के लिए 1 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। कलेक्टर ने आदिम जाति कल्याण विभाग को निर्देशित किया कि छात्रावासों की मरम्मत के प्रस्ताव विभागीय मद से लाए जाएं और खनिज मद से आवंटित राशि का उपयोग कर जल्द कार्यपूर्णता प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करें। निर्माण एजेंसियों को शीघ्रता से अधूरे कार्य पूरे करने के निर्देश भी दिए गए। जिला पंचायत परियोजना अधिकारी संजय सिंह ने जानकारी दी कि योजना प्रारंभ से अब तक कुल 125 करोड़ 7 लाख की कार्ययोजना मंजूर हो चुकी है, जिनमें से 116 करोड़ 57 लाख की प्रशासकीय स्वीकृति भी जारी की जा चुकी है। इनसे 712 निर्माण कार्यों में से 225 कार्य पूर्ण हो चुके हैं। 23 कार्यों को निरस्त किया गया है, जबकि शेष 464 कार्य वर्ष के अंत तक पूरे किए जाएंगे। एक महत्वपूर्ण बात यह भी रही कि अब मऊगंज जिले के लिए खनिज मद की राशि अलग से जारी होगी, जिससे स्थानीय योजनाओं को प्राथमिकता मिलेगी। बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नीता कोल, विधायक मनगवां इंजीनियर नरेंद्र प्रजापति, विधायक प्रतिनिधि सिरमौर श्री भूपेन्द्र सिंह, विधायक प्रतिनिधि गुढ़ समेत अन्य प्रतिनिधियों और अधिकारियों ने भाग लिया। सभी ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी प्राथमिकताओं को साझा किया और विकास कार्यों में सहयोग की प्रतिबद्धता जताई।

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