
मऊगंज, मध्यप्रदेश। मऊगंज तहसील अंतर्गत अटरिया गांव से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां 28 वर्षीय सुमन साकेत की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बताया जा रहा है कि सुमन ने जहर खाकर अपनी जान दे दी। परिजन उसे तत्काल इलाज के लिए संजय गांधी अस्पताल रीवा लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उसे बचा नहीं सके। मृतका के भाई ने इस घटना के पीछे सुमन के पति राजभान साकेत को जिम्मेदार ठहराया है। भाई का आरोप है कि राजभान रोज शराब के लिए पैसों की मांग करता था। जब सुमन पैसे नहीं देती थी, तो वह उसके साथ मारपीट करता था। यह सिलसिला लगातार चल रहा था। भाई ने कहा कि सुमन मानसिक और शारीरिक तौर पर लंबे समय से प्रताड़ना झेल रही थी, और इसी के चलते उसने आत्मघाती कदम उठाया।हालांकि पति राजभान साकेत ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उसका कहना है कि सुमन बीते कुछ दिनों से तनाव में जरूर थी, लेकिन उसने कभी जहर खाने की बात नहीं की। राजभान ने यह भी कहा कि उसे बिल्कुल नहीं पता कि सुमन ने ऐसा क्यों किया। घटना की सूचना मिलते ही मऊगंज पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई की। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए हैं और मामले की जांच शुरू कर दी है। मऊगंज थाना प्रभारी के अनुसार, यदि जांच में मारपीट, मानसिक प्रताड़ना या दहेज उत्पीड़न की पुष्टि होती है, तो दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।सुमन की मौत ने गांव में शोक की लहर तो फैलाई ही है, साथ ही एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर कब तक बेटियां दहेज और शराबी पतियों की बलि चढ़ती रहेंगी?













