
मऊगंज, एक बार फिर रफ्तार ने सड़क पर कोहराम मचा दिया। सोमवार की सुबह नईगढ़ी थाना क्षेत्र के डिहिया गांव के पास कटरा-मऊगंज मुख्य मार्ग पर एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। एक बोलेरो वाहन ने बाइक सवार युवक को रौंद डाला, जो अपने परिवार के वैवाहिक कार्यक्रम से लौट रहा था।
घटना सुबह करीब 8 बजे की है। विपिन साकेत उर्फ लाली (20 वर्ष), मऊगंज के निवासी हैं और पारिवारिक शादी समारोह में शामिल होकर लौट रहे थे। जैसे ही वह डिहिया गांव के पास मुख्य सड़क पर पहुंचे, सामने से आ रही बोलेरो वाहन (क्रमांक MH 40 KR 1938) ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि विपिन सड़क पर दूर जा गिरे। उनके सिर, हाथ और पूरे शरीर पर गंभीर चोटें आईं।
आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाई और गंभीर रूप से घायल विपिन को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नईगढ़ी पहुंचाया। यहां से प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी नाजुक हालत को देखते हुए तुरंत संजय गांधी अस्पताल, रीवा रेफर कर दिया।
बोलेरो वाहन तमिलनाडु के नामकल जिले के नागराजन चला रहे थे, जो कथित तौर पर प्रयागराज दर्शन के लिए जा रहे थे। पर सवाल उठता है — क्या दर्शन की जल्दी में एक मासूम की जान से खिलवाड़ किया गया?
घायल युवक ने अस्पताल में बयान देते हुए कहा कि बोलेरो चालक तेज रफ्तार और घोर लापरवाही से वाहन चला रहा था। यह कोई सामान्य टक्कर नहीं थी, यह साफ लापरवाही की एक जिंदा मिसाल है। जब एक सीधी और साफ सड़क पर भी वाहन नियंत्रण में नहीं रहे, तो ऐसे ड्राइवरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कब होगी?
थाना प्रभारी की गैरमौजूदगी में प्रधान आरक्षक रामकुमार भास्कर ने बताया कि बोलेरो को जब्त कर लिया गया है और थाने में खड़ा कर दिया गया है। पुलिस ने वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है, मगर सवाल यही है कि क्या यह कार्रवाई सिर्फ कागजों में रह जाएगी?
स्थानीय लोग दबी जुबान में यह भी कह रहे हैं कि बाहर से आने वाले वाहन चालक बिना इलाके की जानकारी के, लापरवाही से गाड़ी चलाते हैं और फिर हादसे के बाद कानूनी प्रक्रिया की आड़ लेकर बच निकलते हैं।
अब देखना यह है कि घायल विपिन को इंसाफ मिलता है या यह भी एक और “हादसा” बनकर पुलिस फाइलों में दफन हो जाता है।













