मऊगंज में सर्पदंश को लेकर स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी: घबराएं नहीं, तुरंत अस्पताल पहुंचें

मऊगंज, 5 सितंबर 2026। बारिश के मौसम में सांपों के बिल और छिपने वाले स्थानों में पानी भरने के कारण उनके बाहर निकलने की संभावना बढ़ जाती है। ऐसे में सर्पदंश की घटनाओं को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और सांप के काटने पर बिना समय गंवाए अस्पताल पहुंचने की अपील की है।

कलेक्टर संजय कुमार जैन के निर्देशन में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सुधाकर पाण्डेय ने आमजन के लिए सर्पदंश से बचाव और उपचार को लेकर जरूरी जानकारी साझा की है।

करैत, कोबरा और रसेल वाइपर से विशेष सावधानी

स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक विंध्य क्षेत्र में करैत, कोबरा और रसेल वाइपर जैसे जहरीले सांपों के काटने से गंभीर स्थिति पैदा हो सकती है। अधिकारियों ने बताया कि सर्पदंश के बाद समय पर चिकित्सा उपचार मिलने से मरीज की जान बचाने की संभावना काफी बढ़ जाती है।

सांप के काटने की स्थिति में पीड़ित को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य विभाग ने एंटी-स्नेक वेनम यानी एंटीवेनम उपचार को लेकर भी लोगों को देरी न करने की अपील की है।

ये लक्षण दिखें तो तुरंत अस्पताल जाएं

सर्पदंश के बाद पीड़ित में अलग-अलग लक्षण दिखाई दे सकते हैं। इनमें—

  • काटे गए स्थान पर जलन या सूजन
  • हाथ-पैरों में झनझनाहट
  • उल्टी और चक्कर आना
  • अत्यधिक पसीना आना
  • मांसपेशियों में ऐंठन
  • कमजोरी या लकवे जैसी स्थिति
  • आंखों की पुतलियों में बदलाव
  • सांस लेने में परेशानी
  • गंभीर स्थिति में बेहोशी

जैसे लक्षण शामिल हो सकते हैं। जहरीले सांप के विष का असर विशेष रूप से तंत्रिका तंत्र और सांस लेने की क्षमता पर पड़ सकता है, इसलिए लक्षणों को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है।

झाड़-फूंक और झोलाछाप इलाज में समय न गंवाएं

स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को विशेष रूप से चेताया है कि सर्पदंश के बाद झाड़-फूंक या झोलाछाप उपचार के भरोसे समय बर्बाद न करें। पीड़ित को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाना सबसे जरूरी है।

काटे गए स्थान पर चीरा लगाने या उसे काटने जैसी कोशिश नहीं करनी चाहिए, क्योंकि इससे संक्रमण और दूसरी जटिलताओं का खतरा बढ़ सकता है। पीड़ित को शांत रखते हुए जल्द चिकित्सा सुविधा तक पहुंचाना चाहिए।

सांपों से बचाव के लिए अपनाएं ये सावधानियां

बारिश के मौसम में घर और आसपास के इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार—

  • अंधेरे गड्ढों, झाड़ियों या कुएं के आसपास सावधानी रखें।
  • किसी बिल या छेद में हाथ डालने से बचें।
  • रात या घर से बाहर निकलते समय जूते पहनें।
  • ठंडे, अंधेरे और नम स्थानों पर जाने से पहले जांच कर लें।
  • घर के आसपास अनावश्यक झाड़ियां और कचरा जमा न होने दें।

स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि बारिश के दौरान थोड़ी सी सावधानी सर्पदंश जैसी गंभीर घटना से बचा सकती है। सांप के काटने पर घबराने के बजाय तत्काल चिकित्सा सहायता लेना ही सबसे महत्वपूर्ण कदम है।

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